हिंदी कहानी पैसा या इज्ज़त

By | December 29, 2018

पैसा या इज्ज़त

हिंदी कहानी पैसा या इज्ज़त

ये कहानी भेजी गयी है अंकित शर्मा जी की तरफ़ से – 

हिंदी कहानी by Ankit sharma

हिंदी कहानी by Ankit sharma

                                                                                 Profession:  Writer – Editor- film

एक पिता अपने बेटे से अक्सर परेशान रहता था। बेटे की नालायकी से नही, सिर्फ इसलिए की बेटा उसके आसपास के लोगो से कम कमाता था। लेकिन बेटा जो काम करता था वो बहुत ही लगन के साथ करता था उसके दिमाग में पिता की सोच से कुछ परे ही चल रहा था।

हिंदी कहानी पैसा या इज्ज़त

हिंदी कहानी पैसा या इज्ज़त


बेटे की बढ़ती उम्र देख के पिता को चिंता सताने लगी, पिता से रहा नही गया।
अत्यन्त क्रोध के साथ- तुझे पता है तेरी उम्र कितनी हो गई है। पिता ने कहा।
बेटा बहुत ही मासूमियत से-  हां मुझे पता है में 26 साल का हो चूका हूँ।

Click on Image and go to our secret Shop of motivation

तो पूरी उम्र ऐसे ही चलता रहेगा क्या कुछ करना नही है तुझे, पिता ने कहा।
कर तो रहा हु ना, बेटे ने कहा।
क्या कर रहा है, दिन भर तो मोबाइल में लगा रहता है तू , पिता
पापा मोबाइल दिन भर मेरे हाथ में है इसका मतलब ये नही की में टाइम पास कर रहा हु,
अच्छा तो अब बाप को सिखाने चला है तू, मोबाइल सिर्फ टाइम पास ही है। पिता ने कहा।

Shop of Motivational click here

पिता को कुछ खबर नही थी की बेटा फ़ोन में क्या करता था। बेटा राइटर बनना चाहता था। वो भी ऐसा की जिससे दुनिया को सिख मिले, वह बस लिखता था और बहुत जल्द अपनी लिखावट को किताब में बदलने वाला था। लेकिन उसने पैसे को कभी महत्व नही दिया, वह बस किताब लिखना चाहता था, अपनी सोच को दुनिया तक पहुँचाना चाहता था .

मैं कुछ सुनना नही चाहता चुपचाप कोई नौकरी ढूंढ और काम कर, पिता।
लेकिन उससे क्या होगा पापा।
पिता और क्रोधित होते हुए।
उससे मैं लोगो को कह पाउँगा की मेरा बेटा भी नौकरी करता है और पैसे कमाता है।

How to Maintain Success in hindi by success tv

हिंदी कहानी का संग्रह देखने के लिए क्लिक करें 

एक पिता अपने बेटे से अक्सर परेशान रहता था। बेटे की नालायकी से नही, सिर्फ इसलिए की बेटा उसके आसपास के लोगो से कम कमाता था।

आपको पैसा ही चाहिए तो फिर नौकरी क्यों ? उससे तो 20, 25 हज़ार ही आएंगे, मैं 2 नंबर का काम करता हु उससे लाखो आएंगे। बेटे ने कहा।
बकवास बंद कर बस यही बाकि रहे गया है, भले ही मैं सर उठा के नही चल सकता लेकिन चल सकता हु, और तू चाहता है कि मेरा घर से निकलना भी बंद हो जाये, पिता।
बेटा पिता के नजदीक आते हुए, वोही में चाहता हूँ ।
मैं आपको पैसा इतना दे सकता हु ज़िन्दगी भर जिसमे दाल रोटी मिल जाये और रहने को छत। लेकिन इज्जत इतनी की आप दुनिया में फक्र से सर उठा के घूम सको और आपको मेरे पिता होने पर नाज़ हो, मैं बस इतना चाहता हूँ और वही कोशिश में लगा रहता हूं।
बेटे की आँखों में सच्चाई देखते हुए पिता का क्रोध शांत हो गया।
पिता ने कहा तेरी मर्जी हो वो कर, यह कह कर पिता वहां से चले गए।

हिंदी कहानी पैसा या इज्ज़त

हिंदी कहानी पैसा या इज्ज़त

बेटे ने अगले दिन से और ज्यादा मेहनत की, कुछ ही महीनो में बेटे की किताब आ गई और दुनिया ने बहुत पसंद की। अखबारों में बेटे के चर्चे होने लगे, लोग बेटे के नाम से पिता को पहचानने लगे।
जब वह किताब उसके पिता ने पढ़ी तो पिता की आँखों में आँसू थे वह भी ख़ुशी के। 

ज्यादा सोचने वाले इसे जरुर देखें | best hindi motivational blog successtvblogs.com

दोस्तो हर इंसान का अपना एक हुनर होता है हमें बस जरुरत है हर इंसान को समझने की, हर किसी से ये अपेक्षा नहीं करनी चाहिए की वो भी वहीँ करे जो दुसरे कर रहे हैं, अपने बच्चों को आजादी दे वो करने की जो वो करना चाहते हैं फिर देखिये आपका नाम वो पूरी दुनिया में रोशन करेंगे.

 

 

Please follow and like us:
0

2 thoughts on “हिंदी कहानी पैसा या इज्ज़त

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *